टोंक, 40 मिनिट पहले

टोंक में नामी कंपनियों की फर्जी पैकेजिंग बनाने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। गिरोह निवाई में अवैध फैक्ट्री का संचालन कर रहा था, जहां रोजाना करीब 40 हजार लीटर नकली घी की पैकेजिंग सामग्री बनाई जाती थी।

यहां तैयार पैकिंग सामग्री और उत्पादों की सप्लाई जयपुर, अजमेर, कोटा, भीलवाड़ा, ब्यावर और टोंक सहित प्रदेशभर में की जाती थी।
कार्रवाई एसपी रोशन मीना के निर्देश पर जिला स्पेशल टीम (DST) टोंक ने निवाई के रीको इंडस्ट्रियल एरिया में की। मामले में जमात निवासी अमन जैन (30) पुत्र पदमचंद जैन को गिरफ्तार किया गया। वहीं अवैध फैक्ट्री को सीज कर दिया है।

मौके से नकली ब्रांडिंग के करीब 20 हजार टीन जब्त किए गए हैं।
एसपी रोशन मीना ने बताया कि डीएसटी टीम ने रीको इंडस्ट्रियल एरिया में संचालित फैक्ट्री पर दबिश दी, जहां नामी ब्रांड्स के नाम से हूबहू नकली रैपर और टीन तैयार किए जा रहे थे।
जांच में सामने आया कि आरोपी ‘सरस’, ‘अमूल’, ‘मधुसूदन’, ‘कृष्णा’ और ‘महावन’ जैसे लोकप्रिय ब्रांड्स के नाम पर नकली रैपर और पैकिंग सामग्री तैयार कर रहे थे।
फैक्ट्री में रोजाना करीब 40 हजार लीटर नकली घी की पैकिंग की जाती थी। मौके से 15 लीटर क्षमता वाले करीब 20 हजार फर्जी ब्रांडिंग वाले टीन (पीपे) जब्त किए हैं। इनमें अमूल, मधुसूदन, ग्वालियर और उजारिया ऑयल ब्रांड्स के नाम वाली पैकिंग की जानी थी। इसके अलावा पुलिस ने बाइक, कार और करीब एक लाख रुपए कैश भी जब्त किया है।
फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है। साथ ही नकली घी के निर्माण, पैकिंग और सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। गिरोह का नेटवर्क किन-किन जिलों तक फैला है और इसमें और कौन लोग शामिल हैं, इसे लेकर भी जांच की जा रही है।






