
निवाई के विज्ञातीर्थ गुंसी में सकल दिगम्बर जैन समाज ने आर्यिका विज्ञाश्री माताजी संघ के सानिध्य में श्री शांतिनाथ मंडल विधान हुआ। इस दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शांतिनाथ की भक्तिभाव से पूजा-अर्चना की।

जैन समाज के प्रवक्ता सुनील भाणजा और विमल जौंला ने बताया- कार्यक्रम की शुरुआत महावीरप्रसाद छाबड़ा, कल्पना जैन टोंक, विमल जौंला, नवीन जैन, कविता जैन, अशोक जैन, डब्बू जैन और हितेश छाबड़ा ने की। इन्होंने मूलनायक भगवान शांतिनाथ सहित चारों दिशाओं में स्थापित जिन प्रतिमाओं का पंचामृत अभिषेक और शांतिधारा की।
सौधर्म इंद्र नवीनकुमार जैन और कविता बाकलीवाल जयपुर ने मंडल विधान में मंडप पर 132 अष्ट द्रव्यों के साथ बादाम अर्घ्य चढ़ाए। श्रद्धालुओं ने पूजा के बाद भक्ति नृत्य भी किया।
आर्यिका विज्ञाश्री माताजी ने धर्म सभा को संबोधित करते हुए कहा कि समय का जीवन में खास स्थान है। उन्होंने अच्छी-बुरी आदतों का संबंध संगति से बताया। माताजी ने कहा कि जैसा सानिध्य मिलता है, वैसा ही समागम होता है।




