
रक्षाबंधन का त्योहार नजदीक है। इस दौरान लोग ऑनलाइन राखी, मिठाई और गिफ्ट ऑर्डर करते हैं। बढ़ती ऑनलाइन खरीदारी के साथ साइबर ठग भी एक्टिव हो जाते हैं। वे लोगों को ठगने के लिए नए-नए हथकंडे अपनाते हैं।
स्कैमर्स फर्जी शॉपिंग वेबसाइट के जरिए सोशल मीडिया पर भारी डिस्काउंट और एक्सप्रेस डिलीवरी के लुभावने ऑफर दिखाकर लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। कई मामलों में पेमेंट लेने के बाद सामान डिलीवर नहीं किया जाता, जबकि कुछ लोगों को नकली या खराब क्वालिटी का प्रोडक्ट भेज दिया जाता है।
इसलिए आज ‘साइबर लिटरेसी’ में ऑनलाइन राखी और गिफ्ट ऑर्डर के दौरान होने वाले साइबर फ्रॉड पर बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि-
- ऑनलाइन राखी या गिफ्ट खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?
- साइबर फ्रॉड से बचने के लिए क्या करें?
एक्सपर्ट- राहुल मिश्रा, साइबर सिक्योरिटी एडवाइजर, उत्तर प्रदेश पुलिस
सवाल- त्योहारों के दौरान फ्रॉड के मामले क्यों बढ़ जाते हैं?
जवाब- पॉइंटर्स से समझिए-
- त्योहारों में ऑनलाइन खरीदारी बढ़ने से साइबर ठग भी ज्यादा एक्टिव हो जाते हैं।
- एक्सप्रेस डिलीवरी की चाह में कई लोग वेबसाइट या सेलर की जांच किए बिना ऑर्डर कर देते हैं।
- भारी डिस्काउंट, फ्री गिफ्ट और लिमिटेड-टाइम ऑफर के झांसे में आकर लोग बिना वेरिफिकेशन के पेमेंट कर देते हैं।
- व्यस्तता के कारण लोग वेबसाइट का URL, रिव्यू, रेटिंग और रिटर्न पॉलिसी जैसी जरूरी बातें चेक करना भूल जाते हैं।
- ठग असली ब्रांड जैसी दिखने वाली फर्जी वेबसाइट और सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर लोगों का भरोसा जीतते हैं।
- UPI, QR कोड और पेमेंट लिंक के बढ़ते इस्तेमाल का फायदा उठाकर ठग फर्जी पेमेंट रिक्वेस्ट भेजते हैं और लोगों से पैसे ठग लेते हैं।
सवाल- रक्षाबंधन के आसपास किस तरह के फ्रॉड ज्यादा होते हैं?
जवाब- इस दौरान स्कैमर लोगों को ठगने के लिए कई तरह के हथकंडे अपनाते हैं। ग्राफिक में सभी साइबर फ्रॉड देखिए-

1. फेक शॉपिंग वेबसाइट
- ठग असली शॉपिंग वेबसाइट जैसी दिखने वाली फर्जी साइट बनाते हैं।
- इस पर आकर्षक ऑफर देते हैं। इससे लोग फंस जाते हैं।
- ऑर्डर करने के बाद पेमेंट तो हो जाता है, लेकिन न सामान मिलता है और न ही रिफंड।
2. वॉट्सएप पर गिफ्ट स्कैम
- ठग “रक्षाबंधन पर आपके लिए गिफ्ट आया है” या “राखी गिफ्ट क्लेम करें” जैसे मैसेज वॉट्सएप पर भेजते हैं। इसके साथ फर्जी लिंक अटैच होता है।
- लिंक पर क्लिक करते ही लोग स्कैम का शिकार हो जाते हैं।
3. फेक कूरियर स्कैम
- ठग डिलीवरी एजेंट बनकर कॉल या मैसेज भेजते हैं।
- पता अपडेट करने, डिलीवरी चार्ज या पार्सल रोकने का बहाना बनाते हैं।
- OTP लेकर या लिंक भेजकर फ्रॉड को अंजाम देते हैं।
4. फेक कैशबैक स्कैम
- फेस्टिव ऑफर, कैशबैक या रिवॉर्ड का लालच देते हैं।
- कैशबैक लेने के लिए फर्जी लिंक, QR कोड या UPI कलेक्ट रिक्वेस्ट भेजते हैं।
- रिक्वेस्ट अप्रूव करते ही खाते से पैसे कट जाते हैं।
5. फेक कस्टमर केयर
- सर्च रिजल्ट या सोशल मीडिया पर नकली कस्टमर केयर नंबर दिखाते हैं।
- रिफंड, ऑर्डर कैंसिल या शिकायत के नाम पर भरोसा जीतते हैं।
- बैंक डिटेल, OTP, UPI पिन या स्क्रीन शेयरिंग एप से फ्रॉड करते हैं।
6. फेक ट्रैकिंग लिंक
- ऑर्डर ट्रैकिंग के नाम पर SMS, ईमेल या वॉट्सएप पर लिंक भेजते हैं।
- लिंक असली वेबसाइट जैसा दिखता है, लेकिन फर्जी होता है।
- उस पर क्लिक करने से फोन में मालवेयर इंस्टॉल होता है और डेटा चोरी हो जाता है।
7. रिफंड स्कैम
- रिफंड दिलाने का झांसा देकर स्क्रीन शेयरिंग एप डाउनलोड कराते हैं।
- या फिर UPI कलेक्ट रिक्वेस्ट भेजकर उसे अप्रूव करने के लिए कहते हैं।
- रिक्वेस्ट स्वीकार करते ही या जरूरी परमिशन देते ही खाते से पैसे ऐंठ लेते हैं।
सवाल- ऑनलाइन गिफ्ट ऑर्डर करने से पहले कैसे चेक करें कि वेबसाइट असली है या नहीं? फर्जी वेबसाइट कैसे पहचानें?
जवाब- कुछ ऐसे संकेत हैं, जिनसे फर्जी वेबसाइट की पहचान की जा सकती है। ग्राफिक में सभी संकेत देखिए-

सवाल- क्या सोशल मीडिया पर दिखने वाले एड भरोसेमंद होते हैं?
जवाब- नहीं, स्कैमर्स भी फेसबुक, इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर फर्जी शॉपिंग एड चलाते हैं। इसमें वे भारी छूट, सीमित समय के ऑफर या एक्सप्रेस डिलीवरी का दावा करते हैं। ऐसे विज्ञापनों पर क्लिक करते ही लोग स्कैम का शिकार हो जाते हैं।
सवाल- ऑनलाइन राखी खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?
जवाब- ऑनलाइन राखी खरीदते समय थोड़ी-सी सावधानी आपको साइबर फ्रॉड से बचा सकती है। खरीदारी से पहले इन बातों का ध्यान रखें-

सवाल- राखी भेजते समय क्या सावधानी बरतें?
जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-
- सिर्फ भरोसेमंद वेबसाइट या कूरियर सर्विस से ही राखी भेजें।
- अगर राखी विदेश भेजनी हो तो कस्टम्स रूल पहले देख लें।
- रिसीवर का पता, पिनकोड और मोबाइल नंबर सही भरें।
- ऑर्डर करने से पहले डिलीवरी टाइम और शिपिंग चार्ज जरूर चेक करें।
- भेजने के बाद ऑर्डर आईडी और रसीद सुरक्षित रखें।
सवाल- गिफ्ट या राखी ट्रैक करने का सही तरीका क्या है?
जवाब- इसे पॉइंटर्स से समझिए-
- जिस वेबसाइट या एप से ऑर्डर किया है, उसी में लॉग इन करें।
- ‘माॅय ऑर्डर’ या ‘मॉय परचेज’ सेक्शन में जाएं।
- संबंधित ऑर्डर चुनकर ‘ट्रैक ऑर्डर’ पर क्लिक करें।
- अगर कूरियर कंपनी का ट्रैकिंग नंबर मिला है, तो उसकी आधिकारिक वेबसाइट या एप पर जाकर वही नंबर डालकर ऑर्डर का स्टेटस देखें।
- ऑर्डर ट्रैक करने के लिए मैसेज, वॉट्सएप या ईमेल में आए किसी अनजान लिंक पर क्लिक न करें।
- कोई समस्या होने पर सिर्फ आधिकारिक कस्टमर केयर से संपर्क करें।
सवाल- रक्षाबंधन के दौरान साइबर फ्रॉड से बचने के लिए क्या करें?
जवाब- त्योहारों के दौरान थोड़ी-सी सतर्कता आपको साइबर ठगी से बचा सकती है। इसलिए कुछ बातों का खास ख्याल रखें-

सवाल- अगर ऑनलाइन फ्रॉड हो जाए तो क्या करें?
जवाब- ऐसी स्थिति में घबराएं नहीं, तुरंत कुछ कदम उठाएं-
- बैंक को तुरंत फ्रॉड की जानकारी दें।
- OTP, UPI पिन और पासवर्ड तुरंत बदल दें।
- जरूरत पड़ने पर अकाउंट और कार्ड अस्थाई रूप से ब्लॉक कराएं।
- ट्रांजैक्शन की रसीद, स्क्रीनशॉट और चैट का रिकॉर्ड सेफ रखें।
- नजदीकी साइबर पुलिस स्टेशन में भी शिकायत करें।
- जितनी जल्दी शिकायत करेंगे, पैसे वापस मिलने की संभावना उतनी बढ़ जाती है।

सवाल- साइबर फ्रॉड की शिकायत कहां और कैसे करें?
जवाब- इसके लिए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करें। जरूरत पड़ने पर नजदीकी साइबर पुलिस स्टेशन में भी शिकायत कर सकते हैं।






