निवाई, 1 घंटे पहले

निवाई में सकल दिगंबर जैन समाज की ओर से पर्युषण दशलक्षण महापर्व मनाया जा रहा है। आचार्य सुंदर सागर महाराज के सानिध्य में श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर में दस दिवसीय धार्मिक आयोजन चल रहे हैं। पर्व के सातवें दिन उत्तम तप धर्म की विशेष पूजा-अर्चना की गई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।

दशलक्षण महापर्व के तहत सन्मति सुंदर श्रावक संस्कार शिविर में भी उत्तम तप धर्म की विशेष पूजा-अर्चना हुई। त्यागी तपस्वियों सहित करीब 200 शिविरार्थियों ने इसमें भाग लेकर उत्तम तप धर्म की आराधना की।
चातुर्मास कमेटी के मीडिया प्रभारी सुनील भाणजा और विमल जौंला ने बताया कि दशलक्षण धर्म कार्यक्रम की शुरुआत भगवान शांतिनाथ जी के समक्ष पंचामृत से हुई। पंचामृत करने का सौभाग्य राहुल बोहरा, रौनक बोहरा, अविनाश कठमाणा, दीपक कठमाणा, मोहित चंवरिया और विमल सोगाणी को मिला।
ध्यान और योग के साथ धार्मिक शिविर का शुभारंभ
आचार्य सुंदर सागर महाराज, मुनि श्रूतांश सागर महाराज और आर्यिका सुलक्ष्यमति माताजी ने सुबह ध्यान और योग क्रिया के साथ धार्मिक शिविर का शुभारंभ किया। इसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने नव देवता पूजा और देव-शास्त्र-गुरु की संगीतमय पूजा की।
हितेश छाबड़ा ने बताया कि दशलक्षण पर्व के दौरान ‘मां की ममता’ नाटक का मंचन भी किया गया। कवि चंद्रेश जैन, प्रदीप जैन, सुनील भाणजा और विमल पाटनी ने कार्यक्रम का संचालन किया। इसके साथ ही विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।
आचार्य ने बताया उत्तम तप धर्म का महत्व
इस अवसर पर आचार्य सुंदर सागर महाराज और आर्यिका सुलक्ष्यमति माताजी ने उत्तम तप धर्म पर प्रवचन दिए। उन्होंने कहा कि कर्म रूपी शत्रुओं को खत्म करना, उन्हें तपाना और समाप्त करना ही उत्तम तप धर्म है।
उन्होंने कहा कि तप जलप्रपात की तरह है, जो सभी कलंकों को धो देता है और आत्मा को कर्मों से शुद्ध करता है।
भजनों पर श्रद्धालुओं ने किया भक्ति नृत्य
दशलक्षण पर्व के दौरान सुनील एंड पार्टी भोपाल की ओर से भजनों की प्रस्तुतियां दी गईं। भजनों पर सुनील बनेठा, शुभम चंवरिया, राहुल सिंहल, विमल बगड़ी, संयम रजवास, प्रियांशु जैन, शुभम कठमाणा, नीरज माधोराजपुरा, सुनील बनस्थली और धर्म चंद सेदरिया सहित श्रद्धालुओं ने भक्ति नृत्य किया।
महिला मंडल की सपना छाबड़ा, नीरा जैन, शशि सोगानी, मुन्नी देवी भाणजा, ज्ञानेश्वरी जैन, मंजू सेदरिया और रेखा गोधा समेत अन्य महिलाओं ने भी भक्ति कार्यक्रम में हिस्सा लिया। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर में धार्मिक और भक्तिमय माहौल बना रहा।





