
बाल विवाह, बाल श्रम और मानव तस्करी जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय और त्वरित कार्रवाई जरूरी है।

इसी उद्देश्य से शिव शिक्षा समिति, राणोली की ओर से कवच परियोजना के तहत बुधवार को पुलिस लाइन स्थित मीटिंग हॉल में जिला स्तरीय बाल संरक्षण उन्मुखीकरण कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें बाल संरक्षण तंत्र को मजबूत करने, समयबद्ध कार्रवाई और प्रभावी रेफरल व्यवस्था पर जोर दिया गया।
कार्यशाला का शुभारंभ जिला समन्वयक पूनम जोनवाल ने अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत कर किया। उन्होंने कहा कि बाल संरक्षण किसी एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पुलिस, प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य विभाग और समुदाय के साझा प्रयासों से ही बच्चों को सुरक्षित वातावरण मिल सकता है। कार्यक्रम प्रबंधक सीताराम शर्मा ने कवच परियोजना के तहत किशोर-किशोरियों के साथ किए जा रहे कार्यों और बाल अधिकारों, जीवन कौशल व सुरक्षित व्यवहार के प्रति जागरूकता गतिविधियों की जानकारी दी।




