
खाद की किल्लत को लेकर बारां से जयपुर कूच कर रहे नेता नरेश मीणा से टोंक कलेक्टर टीना डाबी ने मोबाइल पर बात की। उन्होंने कहा- जिले में DAP की कमी नहीं है। खरीफ फसल का करीब 6.5 टन DAP बचा हुआ है और 2 हजार टन और आएगा। 2 अक्टूबर से जिले में DAP की आपूर्ति शुरू हो गई है। SDM को जांच के लिए भेजा है। ज्यादा रेट लेने या अटैचमेंट के साथ खाद देने की कोई शिकायत नहीं मिली है। अगर ऐसा है तो कार्रवाई की जाएगी।

नरेश मीणा ने कहा – मैडम, यही तो बीमारी है। किसानों को DAP खाद निर्धारित 1350 रुपए प्रति कट्टा के रेट पर बिना अटैचमेंट के मिलना चाहिए।

किसान नेता नरेश मीणा की बारां से जयपुर तक की नंगे पैर यात्रा का रविवार को दूसरा दिन है।
बता दें, किसानों की शिकायत पर उनियारा SDM कार्यालय के बाहर खाद की कमी को लेकर 2 अक्टूबर को धरना देने की घोषणा की थी। इसी दौरान वे बारां चले गए। वहां बड़ी संख्या में किसान उनके पास पहुंचे और बताया कि उनके जेल जाने के बाद दुकानदारों ने फिर ज्यादा रेट में अटैचमेंट के साथ DAP देना शुरू कर दिया है।
उनियारा का धरना रद्द कर बारां में शुरू किया आमरण अनशन
नरेश मीणा ने बताया – किसानों की शिकायत के बाद उन्होंने उनियारा (टोंक) में होने वाला धरना रद्द कर बारां कलेक्ट्रेट का घेराव किया। वहां दिनभर आश्वासन नहीं मिलने पर उन्होंने आमरण अनशन शुरू कर दिया। आमरण अनशन का आज तीसरा दिन है और किसानों की समस्याओं को लेकर अब वे जयपुर कूच कर रहे हैं।
नरेश मीणा ने कहा- उन्होंने रविवार सुबह बारां कलेक्टर से कहा था कि वे मांगरोल आएं और किसानों को आश्वस्त करें कि बिना अटैचमेंट के निर्धारित 1350 रुपए प्रति कट्टा में DAP खाद मिलेगा। उनके नहीं आने पर वे जयपुर कूच के लिए आगे बढ़ गए।
उन्होंने कहा – अगर बारां कलेक्टर मांगरोल आकर किसानों को निर्धारित रेट पर बिना अटैचमेंट DAP मिलने का भरोसा दिला देते तो वे जयपुर कूच और आमरण अनशन दोनों वहीं खत्म कर देते। अब जयपुर में सरकार के सामने किसानों की पीड़ा रखेंगे।




