
टोंक में लोकतंत्र बचाओ सप्ताह के तहत जिला कांग्रेस कमेटी टोंक की ओर से गुरुवार को गांधी पार्क में धरना-प्रदर्शन किया गया। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गांधी पार्क से घंटाघर चौराहे तक पैदल मार्च निकालकर केंद्र की भाजपा सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने एवं गिरफ्तार करने की मांग की।

कांग्रेस नेताओं ने पिछले दो दिनों में दिल्ली में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी सहित अन्य कांग्रेस नेताओं पर कार्रवाई का भी विरोध किया। इसके लेकर कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन किया।
कांग्रेस प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष रामविलास चौधरी ने कहा- राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल मुख्य चुनाव आयुक्त से मिलना चाहता था, लेकिन मिलने की अनुमति नहीं दी जा रही। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा मुख्य चुनाव आयुक्त का बचाव कर रही है। भाजपा और चुनाव आयोग की मिलीभगत अब जनता के सामने आ चुकी है।

गांधी पार्क में काली पट्टी बांधकर बीजेपी सरकार के खिलाफ मीटिंग करते कांग्रेसी
दावा- 13 करोड़ नाम मतदाता सूची से हटाए
पूर्व जिलाध्यक्ष हरिप्रसाद बैरवा ने कहा- लोकतंत्र आज खतरे में है और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाना होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता के पास मतदान के माध्यम से सरकार बदलने की शक्ति रही है, लेकिन भाजपा और चुनाव आयोग ने इस अधिकार को कमजोर करने का काम किया है। उन्होंने एसआईआर को लेकर आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा के साथ मिलीभगत कर चुनाव आयोग ने करीब 13 करोड़ नाम मतदाता सूची से हटाए हैं। जनता से वोट देने का अधिकार छीना जा रहा है।
ये रहे मौजूद
प्रदर्शन के दौरान किशन फगोडिया, इस्लाम टोंक, कैलाशी देवी मीणा, इरशाद बेग, देवकरण गुर्जर, शिवजीराम मीणा, अल्पसंख्यक जिला अध्यक्ष बरकात हसीन, सेवादल जिला अध्यक्ष अब्दुल खालिक, रामलाल गुर्जर, यूसुफ यूनिवर्सल, इम्तियाज खान, मनिंदर बैरवा, आकाश बैरवा, पंकज यादव, सीपी श्रीवास्तव और शबाना बी सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया।
जिला सोशल मीडिया प्रभारी जर्रार खान ने बताया कि प्रदर्शन में फोजूराम मीणा, बजरंगलाल वर्मा, अलका बैरवा, पूर्व एनएसयूआई जिला अध्यक्ष राहुल चंदेल, कमलेश चावला, उमाकांत भारद्वाज, राजेश मोडिया, पार्षद भागचंद गुर्जर, पार्षद आमिर फारूक, पार्षद मोहम्मद कमर, पार्षद हैदर अली, इमरान पहलवान, नवीन बैरवा, शंकर दादिया, सत्यनारायण गुर्जर, जावेद चिश्ती, रामदयाल निरंकारी, कैलाश मीणा, महावीर गुर्जर, राजेंद्र बोकन, विक्रम चंदेल, इरशाद, सुरेंद्र, शौकत, फरीद खान, मोहम्मद नईम, परवेजुल्लाह, नरेश बैरवा, तुलसीराम मीणा, महेंद्र बैरवा और विक्रम बैरवा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।



